क्यों झुलसने लगा मुंबई के पास एक शहर, चलाई गई पैलेट गन
साल 1942 में ठाणे के किसानों से उस वक्त की अंग्रेजी सरकार ने 1600 एकड़ जमीन ली थी।
साल 1942 में ठाणे के किसानों से उस वक्त की अंग्रेजी सरकार ने 1600 एकड़ जमीन ली थी।
महाराष्ट्र में ज़मीन की जंग ऐसी भीषण हुई की सरेआम आगजनी हुई। पुलिस की गाड़ियां जला दी गई । पत्थर चले और पहली बार कश्मीर के अलावा भारत के दूसरे शहर में पैलेट गन का इस्तेमाल हुआ। मुंबई के पास ठाणे की ये घटना है। मामला 75 साल पुराना है लेकिन आग अचानक भड़की है।
साल 1942 में ठाणे के किसानों से उस वक्त की अंग्रेजी सरकार ने 1600 एकड़ जमीन ली थी। इस ज़मीन पर नेवी का एयरपोर्ट बनना था, लेकिन 75 साल से ना ही वो एयरपोर्ट बना ना ही किसानों ने अपनी ज़मीन छोड़ी। अब नेवी ने रिकॉर्ड की जांच की तो पता चला कि ये ज़मीन नेवी की है और इसके बाद नेवी ने महाराष्ट्र पुलिस से मदद मांगी और जमीन को कब्जे में लेने की कोशिश की। नाराज़ किसानों ने कल्याण में नेवली गांव के पास जाम लगा दिया। पुलिस किसानों से बात करने आई तो पुलिस की गाड़ियां जला दी। इसके बाद पुलिस ने पैलेट गन चलाए। माहौल अब भी तनाव से भरा है। किसान अपनी ज़मीन ना छोड़ने पर अड़े हैं, और नेवी ज़मीन छोड़ना नहीं चाहती।



